एक चेहरा देखा नहीं जिसे कभी परसोचता रोज हूहर जगहगली मोहल्ले नुक्कड़ किनारों परखोजता रोज हूकब कोइ अंजाना चेहरामेरा अपना बन जायेगाऔर मेरे दुख दर्दो को अपना बना ले जायेगातस्बीर बनता कागजो पेऔर पोछता रोज हूएक चेहरा देखा नहीं जिसे कभी परसोचता रोज हूजिस घर की नीब राखी दादी नेमाँ ने उसे खड़ा कियाअब कोन इसे सबरेगाकोन है जो अपना घर छोड़इस आशियाने को संभालेगामंदिर मज्जित और गुरुद्बरे सेपुचता रोज हूएक चेहरा देखा नहीं जिसे कभी परसोचता रोज हूदिल के कोरे कागज़ पर कोन नाम अपना लिखा जायेगादूर होने पर कोन यादसबसे ज्यादा आएगामिल जाये सायद बो सपनो मेंइसलिए सोता रोज हूएक चेहरा देखा नहीं जिसे कभी परसोचता रोज हू
DIL SE
dil se.. Dil tak...
Friday, June 18, 2010
UNKNOW FACE
Tuesday, January 19, 2010
यारो में बदनाम हुआ
यारो मे बदनाम हुआ
यारो मे बदनाम हुआ
यारो मे बदनाम हुआ
जबसे दिल उनके नाम हुआ
फ़ोन बजते ही लोग हँसते है
तरह तरह के ताने कसते है
जीना मेरा हराम हुआ
यारो मे बदनाम हुआ !!
रातो को सोता नहीं अब
उनसे मोह हटता नहीं अब
सरासर कत्ले आम हुआ
यारो मे बदमान हुआ !!
गीत ग़ज़ल क्या होते है
अब सबमे बो होते है
बो कोइ है शायरी सी
में सायरी का कदरदान हुआ
यारो मे बदनाम हुआ !!
हर पल महसुश बो होते है
जबकि बो दूर होते है
क्या बो है कोइ जादूगर
में जादूगर का गुलाम हुआ
यारो मे बदनाम हुआ !!
सब कुछ पहला सा है बस
में क्यों बदल गया हु अब
में नहीं ये लोग कहते है
दीवानों सा हाल हुआ
यारो मे बदनाम हुआ!!
Tuesday, December 8, 2009
koee to mera hai
Dekha tera bhola pan
Dekha tera sona pan
Mujhko esa lagta hai

matlab ki is duniya me
koee to mera hai
Apano se bato ka
baqt nahi hai logo pe
ek ajnabi se bate kar
tune ehasan chada diya !!
Dekha tera bhola pan
Dekha tera sona pan
Mujhko esa lagta hai
matlab ki is duniya me
koee to mera hai !!
aaj har riste matlab ke hai
matlab ki hai sari bate
be matlab ke tune kyo
kisi ko aapna bana liya
Dekha tera bhola pan
Dekha tera sona pan
Mujhko esa lagta hai
matlab ki is duniya me
koee to mera hai
kyo bholi surat teri eetani
kyo tu etani masum hai
dil saccha hai tera
mene ye jan liya !!
Wednesday, April 1, 2009
होंसला मिल गया

देख तेरा होंसला
मुझे मेरा होंसला मिल गया
बहके हुए इस दिल को
सभलने का मोका मिल गया
कब से पड़ी थी मंजिले
की इनको मुसाफिर मिल गया
देख तेरा होंसलामुझे मेरा होंसला मिल गया
बदलाब की जो आंधिया
तेरे जेहन में चली है
कई रात इसी फिक्र में
सन्नाटो में कटी है
कल तक सूनी सूनी थी
आज आँखों को मंजर मिल गया
कई बार हंसा हु गमो को छपाए
खुशी में आज दिल से रोने का मोका मिल गया
देख तेरा होंसलामुझे मेरा होंसला मिल गया
Thursday, March 5, 2009
जबाब नजर नही आता

कही शोर कही सन्नाटा है
कोई नहाये कोई क्यों प्यासा है
सब कुछ तेरा, सोचा भी तेरी
फिर अन्तर इतना क्यों ज्यादा है
कही शोर कही .........................
जात पात और सूरज चंदा
सब कुछ तुने एक बनाया
पर खोजू तुझे, तो जबा पर
कही राम कही अल्ला आता है
कही शोर कही .........................
सब को दिया नही बराबर
किस्मत को भी बात दिया
तभी तो इस धरती पर
कोई राजा कोई क्यों प्यादा है
कही शोर कही .........................
चल तुने सब कुछ सामान बनाया
नही कोई भेद भाब दिखाया
तब पुछु, तेरे मानब के
दिलो में अंतर क्यों आता है
कही शोर कही .........................
देखा लड़ता मानब, यहाँ है तुझको
कही मन्दिर को, कही मज्जित को
क्यों खेले खेल तू एसा
क्यों तुझे इतना मजा आता है
कही शोर कही .........................
तुने मानब को बनाया
या मानब ने तुझे बनाया
पुछु में सबाल ये ख़ुद से
पर जबाब नजर नही आता है
कही शोर कही .........................
कोई नहाये कोई क्यों प्यासा है
सब कुछ तेरा, सोचा भी तेरी
फिर अन्तर इतना क्यों ज्यादा है
कही शोर कही .........................
जात पात और सूरज चंदा
सब कुछ तुने एक बनाया
पर खोजू तुझे, तो जबा पर
कही राम कही अल्ला आता है
कही शोर कही .........................
सब को दिया नही बराबर
किस्मत को भी बात दिया
तभी तो इस धरती पर
कोई राजा कोई क्यों प्यादा है
कही शोर कही .........................
चल तुने सब कुछ सामान बनाया
नही कोई भेद भाब दिखाया
तब पुछु, तेरे मानब के
दिलो में अंतर क्यों आता है
कही शोर कही .........................
देखा लड़ता मानब, यहाँ है तुझको
कही मन्दिर को, कही मज्जित को
क्यों खेले खेल तू एसा
क्यों तुझे इतना मजा आता है
कही शोर कही .........................
तुने मानब को बनाया
या मानब ने तुझे बनाया
पुछु में सबाल ये ख़ुद से
पर जबाब नजर नही आता है
कही शोर कही .........................
Wednesday, March 4, 2009
Monday, February 23, 2009
एक सपना

बचपन में सन पच्चपन में
सोच था
जिन्दगी अभी तो है हाथो में
बड़ा था जेसे जेसे में
माना था
कुछ कर जाऊंगा में
जिन्दगी गुजरती रही देखता रहा में
पाया था
कुछ नही था हाथो में
अब आगे कुछ करने का इरादा था
जाना था
कही दूर खंडहरों में
थोड़ा मन में हिचकिचाया था में
जनता था
पालूँगा एक दिन मंजिल को में
पर देखते ही देखते क्या हो गया
जागा था
तो पाया सपनो में था में
सोच था
जिन्दगी अभी तो है हाथो में
बड़ा था जेसे जेसे में
माना था
कुछ कर जाऊंगा में
जिन्दगी गुजरती रही देखता रहा में
पाया था
कुछ नही था हाथो में
अब आगे कुछ करने का इरादा था
जाना था
कही दूर खंडहरों में
थोड़ा मन में हिचकिचाया था में
जनता था
पालूँगा एक दिन मंजिल को में
पर देखते ही देखते क्या हो गया
जागा था
तो पाया सपनो में था में
NAFRAT

MUjHE SIKHA DIYA HINDU HU ME
TUjHE SIKAH DIYA MUSLIM TU
RAM RAM KRTA ME
ALLA ALLA KRATA TU
ITNA SAB KUCHA THIK THA,
PER YE NAFRAT KAHA SE AA GAEE
BHARAT MAA KE BETO ME YE AAG KHA SE AA GAEE
SAMjHA ME SAMJHA ME
ME TU KHUS RHE AAGAR TO DHUKH KISI KO HOTA HAI
TERE MERE LADANE SE HI GHAR KISI KA CHLTA HAI
EESILIYE UPADHI AB YE GALI ME AA GAEE
KAHDO KISI KO NETAGI TO SAMjHO AAFT AA GAEE
AANE WALI PIDI SE MERA AB YAHI KHANA HAIHUME
TUjHE SIKAH DIYA MUSLIM TU
RAM RAM KRTA ME
ALLA ALLA KRATA TU
ITNA SAB KUCHA THIK THA,
PER YE NAFRAT KAHA SE AA GAEE
BHARAT MAA KE BETO ME YE AAG KHA SE AA GAEE
SAMjHA ME SAMJHA ME
ME TU KHUS RHE AAGAR TO DHUKH KISI KO HOTA HAI
TERE MERE LADANE SE HI GHAR KISI KA CHLTA HAI
EESILIYE UPADHI AB YE GALI ME AA GAEE
KAHDO KISI KO NETAGI TO SAMjHO AAFT AA GAEE
AANE WALI PIDI SE MERA AB YAHI KHANA HAIHUME
AB KISI HINDU MUSLIM SE NaHI 'NETA JAAT 'SE LADNA HAI
Monday, February 2, 2009
मरने बाला कोन होगा

मरने बाला कोन होगा
में नही तो कोई और होगाहर आँगन में शोर होगा
आग लगेगी लाशो में
और तानडूब मौतों का होगा !!
मरने बाला कोन होगा
में नही तो कोई और होगा ...........
में नही तो कोई और होगा ...........
एक दो को हम गिनते नही
सो पचास से हम उठते नहीजब बात हो दो सो लाशो की
तो हर दिल में एक सबाल होगा
मरने बाला कोन होगा
में नही तो कोई और होगा .............
में नही तो कोई और होगा .............
जिसका मरता बो रोता है
दर्द ऊसी को क्यो होता हैकरता हु में रोज दुआए
इन लाशो में कब नेता होगा
मरने बाला कोन होगा
में नही तो कोई और होगा ..........द्रोपदी की लाज को तुने बचाया पालनहार
फ़िर भारत माँ का चिर हरण क्यो हो रहा है बार बारकब आएगा कब तरेगा
हर आखो में तेरा इंतजार होगा
मरने बाला कोन होगा
में नही तो कोई और होगा ..........
में नही तो कोई और होगा ..........
I am in love

हो गया है प्यार तुझी से
ना कर तू इंकार अभी से
चलना है अभी दूर तलक
कुछ बात तो कर इस अजनबी से !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
दिल से दिल का रिश्ता बड़ा है
कोन कहता कोई इससे बडा है
फ़िर जात पात ये क्या होते है
आजा अब हम एक होते है !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
तू राधा में श्याम बन जाऊ
में बंसुरिया तुझको सुनाऊ
सारे जग को ब्रज धाम बनाऊ
बस तू मुझको अपना कहदे !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
ना कर तू इंकार अभी से
चलना है अभी दूर तलक
कुछ बात तो कर इस अजनबी से !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
दिल से दिल का रिश्ता बड़ा है
कोन कहता कोई इससे बडा है
फ़िर जात पात ये क्या होते है
आजा अब हम एक होते है !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
तू राधा में श्याम बन जाऊ
में बंसुरिया तुझको सुनाऊ
सारे जग को ब्रज धाम बनाऊ
बस तू मुझको अपना कहदे !!
हो गया है प्यार तुझी से ...................
रातो को अब नींद नही है
मुझमे अब तेरी ही कमी है
तेरे योबन का में दिबाना
नही तुझसे कोई हँसी है
हो गया है प्यार तुझी से ...................
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